108 नाम
सरस्वती माता के 108 नाम और उनके सरल अर्थ।
- 1
सरस्वती
ज्ञान की देवी
- 2
महाभद्रा
अत्यंत शुभ देवी
- 3
महामाया
महान मायाशक्ति
- 4
वरप्रदा
वरदान देने वाली
- 5
श्रीप्रदा
धन-संपत्ति देने वाली
- 6
पद्मनिलया
कमल में निवास करने वाली
- 7
पद्माक्षी
कमल के समान नेत्रों वाली
- 8
पद्मवक्त्रा
कमल समान मुख वाली
- 9
शिवानुजा
भगवान शिव की अनुजा
- 10
पुस्तकभृत
पुस्तक धारण करने वाली
- 11
ज्ञानमुद्रा
ज्ञान की मुद्रा धारण करने वाली
- 12
रमा
मनमोहक और आनंददायिनी
- 13
परा
परम दिव्य स्वरूप
- 14
कामरूपा
इच्छानुसार रूप धारण करने वाली
- 15
महाविद्या
महान ज्ञान स्वरूपा
- 16
महापातकनाशिनी
महापापों का नाश करने वाली
- 17
महाश्रया
सर्वोच्च शरण देने वाली
- 18
मालिनी
माला से विभूषित
- 19
महाभोगा
सुख-समृद्धि देने वाली
- 20
महाभुजा
बलशाली भुजाओं वाली
- 21
महाभागा
अत्यंत सौभाग्यशाली
- 22
महोत्साहा
महान उत्साह से पूर्ण
- 23
दिव्यांगा
दिव्य अंगों वाली
- 24
सुरवंदिता
देवताओं द्वारा पूजित
- 25
महाकाली
काल की महान शक्ति
- 26
महापाशा
पाश धारण करने वाली
- 27
महाकारा
महान स्वरूप वाली
- 28
महांकुशा
अंकुश धारण करने वाली
- 29
पीता
पीत वर्ण वाली देवी
- 30
विमला
निर्मल और निष्कलंक
- 31
विश्वा
स्वयं सम्पूर्ण ब्रह्मांड
- 32
विद्युन्माला
बिजली समान माला से सुशोभित
- 33
वैष्णवी
विष्णु की शक्ति
- 34
चन्द्रिका
चाँदनी के समान
- 35
चन्द्रवदना
चन्द्रमा समान मुख वाली
- 36
चन्द्रलेखाविभूषिता
चन्द्रकला से अलंकृत
- 37
सावित्री
दिव्य सृजन शक्ति
- 38
सुरसा
मनोहर और आनंददायिनी
- 39
देवी
दिव्य माता
- 40
दिव्यालंकारभूषिता
दिव्य आभूषणों से सुशोभित
- 41
वाग्देवी
वाणी की देवी
- 42
वसुधा
पृथ्वी समान पालन करने वाली
- 43
तीव्रा
प्रचंड और शक्तिशाली
- 44
महाभद्रा
अत्यंत शुभकारी
- 45
महाबला
महान शक्ति वाली
- 46
भोगदा
सुख देने वाली
- 47
भारती
वाणी की देवी
- 48
भामा
तेजस्विनी और शोभायुक्त
- 49
गोविंदा
जीवों की रक्षक
- 50
गोमती
पवित्र नदी समान समृद्ध
- 51
शिवा
मोक्ष प्रदान करने वाली
- 52
जटिला
जटाधारी
- 53
विन्ध्यवासा
विन्ध्य में निवास करने वाली
- 54
विन्ध्याचलविराजिता
विन्ध्य पर्वतों में विराजमान
- 55
चण्डिका
उग्र देवी
- 56
वैष्णवी
विष्णु की शक्ति
- 57
ब्राह्मी
ब्रह्मा की शक्ति
- 58
ब्रह्मज्ञानैकसाधना
परम ज्ञान का मार्ग
- 59
सौदामिनी
बिजली समान तेजस्विता
- 60
सुधामूर्ति
अमृत स्वरूप
- 61
सुभद्रा
अत्यंत शुभ स्वरूप वाली
- 62
सुरपूजिता
देवताओं द्वारा पूजित
- 63
सुवासिनी
शुभ उपस्थिति वाली
- 64
सुनासा
सुंदर अंगों वाली
- 65
विनिद्रा
सदैव जागृत रहने वाली
- 66
पद्मलोचना
कमल के समान नेत्रों वाली
- 67
विद्यारूपा
ज्ञान का स्वरूप
- 68
विशालाक्षी
विशाल नेत्रों वाली देवी
- 69
ब्रह्मजाया
ब्रह्मा की सहचरी
- 70
महाफला
महान फल प्रदान करने वाली
- 71
त्रयीमूर्ति
त्रिदेव स्वरूप धारण करने वाली
- 72
त्रिकालज्ञा
भूत, वर्तमान और भविष्य की ज्ञाता
- 73
त्रिगुणा
तीनों गुणों का स्वरूप
- 74
शास्त्ररूपिणी
शास्त्रों का स्वरूप
- 75
शुम्भासुरप्रमथिनी
शुम्भासुर का संहार करने वाली
- 76
शुभदा
शुभता प्रदान करने वाली
- 77
स्वरात्मिका
नाद और स्वर की आत्मा
- 78
रक्तबीजनिहन्त्री
रक्तबीज का वध करने वाली
- 79
चामुण्डा
असुरों का संहार करने वाली
- 80
अम्बिका
दिव्य माता
- 81
मुण्डकायप्रहरणा
दुष्ट शक्तियों का नाश करने वाली
- 82
धूम्रलोचनमर्दना
धूम्रलोचन का संहार करने वाली
- 83
सर्वदेवस्तुता
सभी देवताओं द्वारा स्तुत
- 84
सौम्या
कोमल और शांत स्वरूप वाली
- 85
सुरासुरनमस्कृता
देवों और असुरों द्वारा नमस्कृत
- 86
कालरात्रि
अंधकारमय ब्रह्मांडीय रात्रि
- 87
कलाधरा
कलाओं की आधार स्वरूपा
- 88
रूपसौभाग्यदायिनी
सौंदर्य और सौभाग्य देने वाली
- 89
वाग्देवी
वाणी की देवी
- 90
वरारोहा
अत्यंत मनोहर और सुशोभित
- 91
वाराही
वराह शक्ति स्वरूपा
- 92
वरिजासना
कमल पर विराजमान
- 93
चित्राम्बरा
विविध रंगों के वस्त्र धारण करने वाली
- 94
चित्रगंधा
दिव्य सुगंध वाली
- 95
चित्रमाल्यविभूषिता
मालाओं से अलंकृत
- 96
कान्ता
सुंदर और आकर्षक
- 97
कामप्रदा
इच्छाओं को पूर्ण करने वाली
- 98
वंद्या
पूजनीय
- 99
विद्याधर सुपूजिता
विद्याधरों द्वारा पूजित
- 100
श्वेतानना
गौर मुख वाली देवी
- 101
नीलभुजा
नीले भुजाओं वाली देवी
- 102
चतुर्वर्गफलप्रदा
धर्म, अर्थ, काम, मोक्ष देने वाली
- 103
चतुराननसाम्राज्या
ब्रह्मा की सृष्टि की अधिष्ठात्री
- 104
रक्तमध्या
दिव्य शक्ति के केंद्र में स्थित
- 105
निरंजना
निर्मल और निष्कलंक
- 106
हंसासना
हंस पर विराजमान
- 107
नीलजंघा
नीले अंगों वाली देवी
- 108
ब्रह्मविष्णुशिवात्मिका
ब्रह्मा, विष्णु और शिव का सार स्वरूप

