इन्द्र ब्रजवासियों पर प्रचण्ड वर्षा भेजते हैं। ठण्ड और जल से व्याकुल लोग अपनी गायों सहित कृष्ण की शरण में आते हैं। कृष्ण गोवर्धन पर्वत को एक हाथ से उठाकर सबको उसके नीचे आश्रय देते हैं।
गोवर्धन के नीचे ब्रज की रक्षा
इन्द्र ब्रजवासियों पर प्रचण्ड वर्षा भेजते हैं। ठण्ड और जल से व्याकुल लोग अपनी गायों सहित कृष्ण की शरण में आते हैं। कृष्ण गोवर्धन पर्वत को एक हाथ से उठाकर सबको उसके नीचे आश्रय देते हैं।
सात दिन तक कृष्ण पर्वत को धारण किए रहते हैं। इन्द्र वर्षा रोक देते हैं। आकाश साफ होने पर ब्रजवासी बाहर निकलते हैं और कृष्ण पर्वत को उसके स्थान पर रख देते हैं। सब उन्हें प्रेम से घेर लेते हैं।

