गणेश जी के मंत्रों का जप करते समय नियमित लय, शुद्ध उच्चारण और श्रद्धा बनाए रखें।
बीज मंत्र
ॐ गं गणपतये नमः
प्रतिदिन सुबह कार्य या अध्ययन से पहले जप करें
प्रतिदिन 108 बार
गणेश वंदना/मूल मंत्र/वक्रतुंड मंत्र
वक्रतुंड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ।निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥
महत्वपूर्ण कार्य, यात्रा, परीक्षा, व्यवसाय या नए आरंभ से पहले विघ्न दूर करने और सफलता प्राप्ति के लिए।
11, 21, या 108 बार
गणेश गायत्री मंत्र
ॐ एकदन्ताय विद्महे वक्रतुण्डाय धीमहि। तन्नो दन्ति प्रचोदयात्॥
बुद्धि और एकाग्रता के लिए
108 बार (बुधवार को विशेष फलदायी)
सिद्धि मंत्र
ॐ श्री गणेशाय नमः
किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत में।
प्रतिदिन 108 बार
मार्गदर्शन
शांत आसन में बैठकर, स्थिर श्वास और एकाग्र मन से मंत्र जप करें।

